NCERT Solutions for Class 8 Hindi Vasant Chapter 6 – Bhagwan Ke Daakiye

CBSE NCERT Solutions for Class 8 Hindi Vasant Chapter 6 – भगवान के डाकिए ( Bhagwan Ke Daakiye ) – रामधारी सिंह ‘ दिनकर ‘ 

कविता से

1. कवि ने पक्षी और बादल को भगवान के डाकिए क्यों बताया है ? स्पष्ट कीजिए।

उतर – कविं ने पक्षी और बादल को भगवान। के डाकिए बताया है, क्योंकि उसका मानना है कि वे दोनों ही भगवान का संदेश लाते है,जो हम इंसान समझ नहीं पाते।बल्कि पेड़ – पौधे उसे समझ जाते हैं।




2. पक्षी और बादल द्वारा लाई गई चिट्ठियों को कौन – कौन पड़ पाते है? सोचकर लिखिए?

उतर – पक्षी और बादल द्वारा लाई गई चिट्ठियों को हम मनुष्य नहीं पढ़ पाते है परन्तु पेड़ – पौधे, पानी, पहाड़, पढ़ लेते है।

3. किन पंक्तियों का भाव है –

क ) पक्षी और बादल प्रेम, सद्भाव और एकता का संदेश एक देश से दूसरे देश को भेजते है।

उतर – पक्षी और बादल, ये भगवान के डाकिए है।

ख ) प्रकृति देश  देश में भेदभाव नहीं करती। एक देश से उठा बादल दूसरे देश में बरस जाता है।

उतर – जो एक महादेश से दूसरे महादेश को जाते है। हम तो समझ नहीं पाते है।

4. पक्षी और बादल की चिट्ठियों में पेड़ – पौधे, पानी और पहाड़ क्या पढ़ पाते है ?

उतर – पक्षी और बादल की चिट्ठियों में कवि को लगता है कि सदभावना की बात जो भगवान ने कही है वो हम मनुष्य नहीं पढ़ पाते पर पेड़  पौधे, पानी और पहाड़ पढ़ पाते है। और ये देश से दूसरे देश में प्रेमाभाव से आते जाते है पर हम मनुष्य नहीं।

5. “एक देश की धरती दूसरे देश को सुगंध भेजती है” – कथन का भाव कीजिए।

उतर – “ एक देश की धरती दूसरे देश को सुगंध भेजती है” – इस कथन का भाव यह है कि हवा के द्वारा एक देश अपने प्रेम को दूसरे देश में भेजते है और एक देश का पानी बादल के रूप में दूसरे देश में जा कर सदभावना, प्रेम की बात फैलाता है।




NCERT Solutions for Class 8 Hindi Vasant Chapter 6 – पाठ से आगे 

1. पक्षी और बादल की चिट्ठियों आदान – प्रदान को आप किस दृष्टि से देख सकते है?

उतर – पक्षी  और बादल की चिट्ठियों  आदान – प्रदान को हम ईश्वर की तरफ से भेजे गए सदभावना, भाईचारे के संदेश के रूप में देखते है।

2. आज विश्व में कहीं भी संवाद भेजने और पाने का एक बड़ा साधन इंटरनेट है। पक्षी और बादल की चिट्ठियों की तुलना इंटरनेट से करते हुए दस पंक्तिया लिखिए।

उतर – आज विश्व में कहीं भी संवाद भेजने और पाने  एक बड़ा साधन इंटरनेट है। पक्षी और बादल भगवान। का संदेश देते है, जो कि धीमी गति से हम तक पहुंचता है पर हम मनुष्य समझ नहीं पाते, जबकि हम मनुष्य इंटरनेट की भाषा जल्दी समझ जाते है। तो हमे इसी इंटरनेट के ज़रिए आपसी प्रेम और सदभावना की बात लोगों तक पहुंचाने की कोशिश करनी चाहिए।

3. ‘ हमारे जीवन में डाकिए की भूमिका ‘ क्या है ? इस विषय पर दस वाक्य लिखिए।

उतर – ‘ हमारे जीवन में डाकिए की भूमिका ‘ बहुत ही महत्वपूर्ण है। बल्कि हमसे ज़्यादा फौजियों की ज़िंदगी में डाकिए द्वारा लाए गए पत्र की बहुत अहमियत है। आज भी लाखों करोड़ों लोग अपने चाहने वालो द्वारा लिए गए पत्रों के इंतजार में बैठ ते है। और डाकिया उनके इस इंतजार को अंजाम तक पहुंचाता है ।

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